प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने एक बहु-क्षेत्रीय द्विपक्षीय व्यापार समझौते (BTA) पर बातचीत को आगे बढ़ाने के लिए वरिष्ठ प्रतिनिधियों को नियुक्त करने पर सहमति जताई है। इस समझौते पर दोनों पक्षों ने फरवरी 2025 में सहमति जताई थी। सूत्रों ने यह जानकारी दी।
दोनों देशों के बीच व्यापार होंगे मजबूत
सूत्रों ने शनिवार को बताया कि यह कदम दोनों देशों के बीच व्यापार संबंधों को मजबूत करने और आर्थिक सहयोग को बढ़ावा देने के लिए उनकी प्रतिबद्धता को दर्शाता है। बीटीए से माल (Goods) और सेवाओं (Services) सहित कई क्षेत्रों पर असर पड़ने की उम्मीद है। बाजार पहुंच बढ़ाकर और बाधाओं को कम करके यह समझौता ट्रेड फ्लो को सुगम बनाएगा और दोनों पक्षों के बिजनेसमैन के लिए नए अवसर पैदा करेगा।
केंद्रीय मेंत्री पीयूष गोयल ने किया अमेरिका का दौरा
वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल के नेतृत्व में एक भारतीय प्रतिनिधिमंडल ने अमेरिकी वाणिज्य सचिव, अमेरिकी व्यापार प्रतिनिधि और उनकी टीमों से मिलने के लिए 3 से 6 मार्च, 2025 तक वाशिंगटन का दौरा किया था। यह बातचीत 2030 तक द्विपक्षीय व्यापार को 500 बिलियन अमेरिकी डॉलर तक बढ़ाने के व्यापक प्रयास का हिस्सा हैं। यह समझौता ऊर्जा, रक्षा और प्रौद्योगिकी सहित विभिन्न क्षेत्रों पर केंद्रित होगा।
भारत ने कम किया टैरिफ
भारत ने हाल ही में संपन्न व्यापार समझौतों के तहत ऑस्ट्रेलिया, यूएई, स्विट्जरलैंड और नॉर्वे जैसे प्रमुख विकसित देशों के लिए अपने औसत लागू टैरिफ को पहले ही कम कर दिया है। वर्तमान में इसी तरह की बातचीत यूरोपीय संघ और यूनाइटेड किंगडम (UK) सहित अन्य साझेदारों के साथ चल रही है। सूत्रों ने कहा कि अमेरिका के साथ चल रही चर्चाओं को इसी संदर्भ (Context) में देखा जाना चाहिए। इस बीच फरवरी में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने वाशिंगटन डीसी का दौरा किया था, जहां दोनों नेताओं ने 2030 तक द्विपक्षीय व्यापार को दोगुना करके 500 बिलियन अमेरिकी डॉलर करने का महत्वाकांक्षी लक्ष्य निर्धारित किया था।
PMO ने अपने बयान में कही यह बात
प्रधानमंत्री कार्यालय (पीएमओ) के एक बयान के अनुसार, नेताओं ने अपने नागरिकों को अधिक समृद्ध, देशों को अधिक मजबूत, अर्थव्यवस्थाओं को अधिक इनोवेटिव और सप्लाई चेन को अधिक लचीला बनाने के लिए व्यापार और निवेश का विस्तार करने का संकल्प लिया। उन्होंने निष्पक्षता, राष्ट्रीय सुरक्षा और जॉब क्रिएशन सुनिश्चित करने वाले विकास को बढ़ावा देने के लिए अमेरिका-भारत व्यापार संबंधों को और गहरा करने का भी संकल्प लिया। इस उद्देश्य के लिए नेताओं ने द्विपक्षीय व्यापार के लिए एक नया साहसिक लक्ष्य ‘मिशन 500’ निर्धारित किया है। इसका लक्ष्य 2030 तक कुल द्विपक्षीय व्यापार को दोगुना से अधिक करके 500 बिलियन अमेरिकी डॉलर तक पहुंचाना है।
वाशिंगटन यात्रा से लौटे पीयूष गोयल
वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल अपने अमेरिकी समकक्षों के साथ व्यापार वार्ता करने के बाद शनिवार को वाशिंगटन से लौट आए। एक अधिकारी ने यह जानकारी दी। गोयल ने अपनी सप्ताह भर की यात्रा के दौरान अमेरिकी व्यापार प्रतिनिधि (यूएसटीआर) जेमीसन ग्रीर और अमेरिकी वाणिज्य मंत्री हॉवर्ड लुटनिक के साथ बातचीत की। अधिकारी ने बताया कि ये विचार-विमर्श इसलिए महत्वपूर्ण हैं क्योंकि भारत और अमेरिका द्विपक्षीय व्यापार समझौते पर बातचीत करने की योजना बना रहे हैं। बता दें कि अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने शुक्रवार को कहा कि भारत अपने शुल्क में कटौती करने के लिए सहमत हो गया है। उन्होंने कहा कि भारत अमेरिका पर भारी शुल्क लगाता है, जिससे वहां उत्पाद बेचना मुश्किल हो जाता है। लुटनिक ने भी भारत के साथ एक व्यापक व्यापार समझौते की वकालत की है।











